संवाददाता अदिति पासी
-5 दिनों से ज्यादा समय तक टोकन नहीं रहे पेंडिंग
-हरियाणा की वित्तीय राजस्व आयुक्त सुमिता मिश्रा ने वीसी के माध्यम से राजस्व विभाग से संबंधित कार्यों की करी समीक्षा
कुरुक्षेत्र, 17 फरवरी। हरियाणा की वित्तीय राजस्व आयुक्त सुमिता मिश्रा (Financial Revenue Commissioner of Haryana) ने कहा कि राजस्व विभाग से संबंधित सभी कार्यों को अधिकारी तय समय सीमा में करें और किसी भी सूरत में इंतकाल के कार्य को पेंडिंग ना रखें।
हरियाणा की वित्तीय राजस्व आयुक्त सुमिता मिश्रा (IAS SUMITA MISHRA) मंगलवार को चंडीगढ़ से वीसी के माध्यम से प्रदेशभर के उपायुक्तों एवं राजस्व अधिकारियों को राजस्व विभाग से संबंधित कार्यों की समीक्षा कर रही थी। उन्होंने कहा कि प्रदेश के किसी भी जिले में किसी भी सूरत में इंतकाल के कार्य पेंडिंग नहीं रहने चाहिए और पेपरलेस रजिस्ट्री तिथि बद्ध तरीके से हो और टोकन 5 दिन से ज्यादा पेंडिंग ना हो। वित्तीय राजस्व आयुक्त सुमिता मिश्रा ने उपायुक्तों को निर्देश दिए कि जिला राजस्व अधिकारी और तहसीलदार तथा नायब तहसीलदार से हर सप्ताह राजस्व विभाग के कार्यों से संबंधित रिपोर्ट लें और इस विषय में कानूनगो की भी जिम्मेदारी तय करें।
वीसी में DC उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा ने वित्तीय राजस्व आयुक्त सुमिता मिश्रा (IAS Sumita Mishra Financial Revenue Commissioner of Haryana) को बताया कि जीरो मोटेशन ड्राइव के तहत जो इंतकाल पेंडिंग है, उन्हें आगामी 15 दिन में पूरा कर दिया जाएगा। उपायुक्त ने बताया कि जिले में पेपरलेस रजिस्ट्री तिथि बद्ध तरीके से की जा रही हैं और अभी तक करीब 10 हजार 152 पेपरलेस रजिस्ट्रियां हो चुकी हैं। वीसी में उपायुक्त ने यह भी बताया कि ततीमा का कार्य, तक्सीम के कार्य, टोकन के कार्य, जमाबंदी के कार्य और डिमार्केशन के कार्य भी समयबद्ध तरीके से किए जा रहे हैं।
वीसी के बाद उपायुक्त ने DRO डीआरओ तथा तहसीलदार व नायब तहसीलदारों को निर्देश दिए कि टोकन के मामले में पेंडेंसी नहीं रहनी चाहिए और संबंधित अधिकारी हर महीने कम से कम 15 तक्सीम के कार्य जरूर करें। उन्होंने सभी एसडीएम को भी कहा कि राजस्व विभाग से संबंधित अधिकारियों के कार्यों की समय समय पर समीक्षा करें और उसकी रिपोर्ट उपायुक्त कार्यालय को भी भेजें।
इस मौके पर लाडवा के SDM एसडीएम अनुभव मेहता, पिहोवा SDM एसडीएम अनिल दून, DRO डीआरओ चेतना चौधरी, सभी तहसीलदार व नायब तहसीलदार सहित राजस्व विभाग के संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।















