संवाददाता अदिति पासी
कुरुक्षेत्र, 20 मार्च। उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा ने कहा कि हरियाणा सरकार ने 27 जून 2025 की अधिसूचना के माध्यम से भारत के संविधान के अनुच्छेद 243-1 और 243-वाई, हरियाणा पंचायती राज अधिनियम, 1994 की धारा 213 और हरियाणा वित्त आयोग नियम, 1994 के नियम 3 के तहत सातवें राज्य वित्त आयोग का गठन किया है। जिसका उद्देश्य राज्य में पंचायती राज संस्थाओं और शहरी स्थानीय निकायों की वित्तीय स्थिति की समीक्षा करना और जमीनी स्तर पर राजकोषीय विकेंद्रीकरण, संसाधन जुटाने और सार्वजनिक वित्तीय प्रबंधन को मजबूत करने के उद्देश्य से सिफारिशें करना है।
उपायुक्त ने कहा कि सहभागितापूर्ण और परामर्शदात्री दृष्टिकोण सुनिश्चित करने के लिए, आयोग ने आम जनता, निर्वाचित प्रतिनिधियों, संस्थानों, विषय विशेषज्ञों, संघों और स्थानीय शासन एवं सार्वजनिक वित्त से संबंधित मामलों में अनुभव रखने वाले अन्य हितधारकों से सुझाव एवं विचार आमंत्रित करने का निर्णय लिया है। इसके लिए, सुझावों को व्यवस्थित रूप से प्रस्तुत करने हेतु गूगल फॉर्म तैयार किए गए हैं। उन्होंने बताया कि आमजन के लिए सुझाव देने हेतु शहरी स्थानीय निकाय के लिए https://forms.gl/G5avsDt6QRG/















